बरेली। किसानों के बकाया गन्ना भुगतान को लेकर नवाबगंज तहसील के औरंगाबाद गांव स्थित ओसवाल शुगर मिल पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। गुरुवार को एसडीएम सचिन यादव के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने मिल परिसर को सील कर दिया। कर्मचारियों और मजदूरों को परिसर से बाहर कर दिया गया, जबकि मिल की बिजली आपूर्ति भी काट दी गई।
प्रशासन ने रिकवरी की कार्रवाई के तहत मिल परिसर में नीलामी का निशान लगाते हुए 22 अक्टूबर को नीलामी प्रस्तावित की है। प्रशासन के अनुसार मिल की संपत्तियों का मूल्यांकन करीब 180 करोड़ रुपये किया गया है।
प्रशासन के मुताबिक वर्ष 2023-24 के पेराई सत्र में मिल पर करीब 107.12 करोड़ रुपये का गन्ना भुगतान बकाया था। इसमें से लगभग 91.64 करोड़ रुपये की वसूली या भुगतान हो चुका है। वहीं वर्ष 2024-25 में मिल ने करीब 39.45 करोड़ रुपये का गन्ना खरीदा, जिसका भुगतान लंबित रहा। ब्याज समेत किसानों का कुल बकाया करीब 74 करोड़ रुपये बताया गया है।
प्रशासन ने पहले ही रिकवरी सर्टिफिकेट जारी कर मिल की भूमि और संपत्तियों से संबंधित वसूली की कार्रवाई शुरू कर दी थी। बकाया राशि की वसूली के लिए करीब दो सप्ताह पहले पुणे से तीन सदस्यीय विशेषज्ञ टीम बुलाकर मिल की संपत्तियों का मूल्यांकन कराया गया था। मूल्यांकन के बाद मिल की संपत्तियों की कीमत करीब 180 करोड़ रुपये आंकी गई।
कार्रवाई के दौरान मिल परिसर में रहने वाले कर्मचारियों और उनके परिवारों को आवास खाली करने के निर्देश दिए गए। मिल मालिक के आवास को भी सील किया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि नीलामी प्रक्रिया पूरी होने तक बिना अनुमति किसी भी व्यक्ति को मिल परिसर में प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
मिल परिसर में स्थित धार्मिक स्थलों को लेकर भी प्रशासन ने व्यवस्था स्पष्ट की है। गुरुद्वारे के जत्थेदार और मंदिर के पुजारियों को धार्मिक कार्यों के लिए परिसर में आने-जाने की अनुमति रहेगी। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल की तैनाती भी की जाएगी।
कार्रवाई के दौरान जिला गन्ना अधिकारी दिलीप कुमार सिंह, तहसीलदार सतेंद्र कटियार, नायब तहसीलदार शुभम पांडेय समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
नवाबगंज एसडीएम सचिन यादव के अनुसार, किसानों के लंबित गन्ना भुगतान की वसूली के लिए रिकवरी प्रक्रिया के तहत मिल की नीलामी प्रस्तावित की गई है। मिल की संपत्तियों का मूल्यांकन करीब 180 करोड़ रुपये किया गया है और 22 अक्टूबर को नीलामी प्रस्तावित है।











