बरेली। जिला अधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी के निर्देश पर 3 अप्रैल को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जिले के विभिन्न अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर बड़ा औचक निरीक्षण अभियान चलाया। अचानक हुई इस कार्रवाई से अल्ट्रासाउंड केंद्र संचालकों में हड़कंप मच गया और कई जगहों पर संचालक दस्तावेज व्यवस्थित करते नजर आए।
शहर और देहात के अल्ट्रासाउंड केंद्रों की गहन जांच
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शहर के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी कई सेंटरों की जांच की। निरीक्षण के दौरान जिन प्रमुख केंद्रों की जांच हुई, उनमें शामिल हैं—
मन्नत अल्ट्रासाउंड (कुंडरा कोठी)
जीवन ज्योति अल्ट्रासाउंड (कुंडरा कोठी)
हर्ष कला अल्ट्रासाउंड, रिछा
बहेड़ी क्षेत्र के सेंटर:
ग्लोबल, हिंद, यूनिक, मैक्स, लाइफ लाइन, अरोरा, नियाजी और विद्या अल्ट्रासाउंड सेंटर
हिंद अल्ट्रासाउंड सेंटर सील, दस्तावेज प्रस्तुत न करने पर कार्रवाई
निरीक्षण के दौरान हिंद अल्ट्रासाउंड सेंटर का संचालक अपना पंजीकरण प्रमाणपत्र प्रस्तुत नहीं कर सका।
इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सेंटर को तत्काल सील कर दिया।
अधिकारियों ने संचालक को तीन दिन के भीतर सभी जरूरी दस्तावेज जमा करने अन्यथा कानूनी कार्रवाई व मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया है।
दो अल्ट्रासाउंड सेंटर बंद मिले
जांच के दौरान मैक्स अल्ट्रासाउंड और लाइफ लाइन अल्ट्रासाउंड बंद पाए गए। इस पर अधिकारियों ने सख्त नाराजगी जताई और संचालकों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
बाकी सेंटरों के दस्तावेज सही, लेकिन चेतावनी जारी
स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि अन्य सभी अल्ट्रासाउंड केंद्रों के दस्तावेज सही पाए गए, लेकिन संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने की कड़ी चेतावनी दी गई।
अधिकारियों ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और गुणवत्ता बनाए रखना अनिवार्य है और इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण टीम में शामिल अधिकारी
इस औचक निरीक्षण अभियान में नोडल अधिकारी डॉ. लईक अहमद अंसारी, राहुल शर्मा, राजेश कुमार और विपिन कुमार शामिल रहे।
स्वास्थ्य विभाग ने आगे भी ऐसे निरीक्षण अभियान जारी रखने की बात कही है।












