बरेली। जिलाधिकारी कार्यालय परिसर में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं द्वारा तैयार किए गए विभिन्न उत्पादों की प्रदर्शनी आयोजित की गई। प्रदर्शनी में समूह की दीदियों ने अपने हुनर, मेहनत और स्वरोजगार के प्रयासों को उत्पादों के माध्यम से सामने रखा। महिलाओं ने उत्पादों की गुणवत्ता, उपयोगिता और निर्माण प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
उत्पादों की गुणवत्ता और निर्माण प्रक्रिया की दी जानकारी
प्रदर्शनी के दौरान स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने अपने द्वारा तैयार किए गए विभिन्न उत्पाद प्रस्तुत किए। उन्होंने उत्पादों की विशेषताओं, गुणवत्ता और उपयोगिता के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि इन्हें तैयार करने में किस तरह कौशल और मेहनत का इस्तेमाल किया जाता है।
प्रदर्शनी के माध्यम से महिलाओं के हुनर को व्यापक स्तर पर पहचान दिलाने के साथ ही उनके स्वरोजगार के प्रयासों को भी सामने लाया गया। समूह की दीदियों ने उत्साहपूर्वक अपने उत्पादों के बारे में जानकारी साझा की।
हुनर को रोजगार का माध्यम बना रहीं महिलाएं
स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर महिलाएं अपने कौशल को आजीविका का साधन बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। समूह के माध्यम से सामूहिक रूप से उत्पाद तैयार करने से उन्हें आर्थिक गतिविधियों से जुड़ने और अपनी आय के स्रोत को मजबूत करने का अवसर मिल रहा है।
जिलाधिकारी कार्यालय में आयोजित उत्पाद प्रदर्शनी महिलाओं के इसी प्रयास की तस्वीर पेश करती नजर आई। अपने हाथों से तैयार किए गए उत्पादों को लोगों के सामने प्रस्तुत करते हुए महिलाओं में आत्मविश्वास भी दिखाई दिया।
महिला सशक्तिकरण को मिल रहा बढ़ावा
स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करने के प्रयास महिला सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं। ऐसे प्रयासों से महिलाओं को अपने हुनर की पहचान बनाने और उसे आय के साधन में बदलने का अवसर मिल रहा है।
आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहे कदम
प्रदर्शनी में महिलाओं द्वारा तैयार उत्पादों ने यह संदेश दिया कि स्वयं सहायता समूह केवल महिलाओं को एकजुट करने का मंच नहीं हैं, बल्कि उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने का माध्यम भी बन रहे हैं। समूह की दीदियां अपने कौशल और मेहनत के दम पर उत्पाद तैयार कर उन्हें बाजार तक पहुंचाने की दिशा में काम कर रही हैं।
जिलाधिकारी कार्यालय में उत्पादों का प्रदर्शन महिलाओं के बढ़ते आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदमों को दर्शाता है। इससे महिलाओं को स्वरोजगार के नए अवसर मिलने के साथ उनकी आजीविका को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।
संवाददाता रोहिताश कुमार











